
कोटा नागरिक सहकारी बैंक का गौरवशाली इतिहास
बैंक का पंजीकरण सहकारी विभाग में दिनांक 01 दिसम्बर 1962 को हुआ। सभी विधिक औपचारिकताएँ पूर्ण करने के उपरांत, भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा दिनांक 18 मार्च 1980 को बैंकिंग लाइसेंस प्रदान किया गया। इसके पश्चात बैंक ने आर्य समाज रोड, रामपुरा, कोटा में अत्यंत सीमित संसाधनों के साथ अपनी बैंकिंग गतिविधियों की शुरुआत की।
अपने आरंभ से लेकर आज तक बैंक ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और प्रत्येक वर्ष निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर रहा है। यह उपलब्धि बैंक के पेशेवर प्रबंधन तथा श्री राजेश कृष्ण बिरला एवं उनकी टीम के सशक्त, कर्मठ एवं दूरदर्शी नेतृत्व का परिणाम है।
बैंक को स्थापना काल से ही लेखा परीक्षा के दौरान निरंतर ‘ए’ श्रेणी (A Grade) से सम्मानित किया जाता रहा है, जो इसकी वित्तीय सुदृढ़ता, पारदर्शिता एवं उत्कृष्ट कार्यप्रणाली को दर्शाता है।
बैंक का प्रधान कार्यालय (हेड ऑफिस) अपने स्वयं के भवन में संचालित है। वर्तमान में कोटा शहर में बैंक की 10 शाखाएँ कार्यरत हैं। सभी शाखाएँ पूर्णतः कंप्यूटरीकृत हैं तथा कोर बैंकिंग सॉल्यूशन (CBS) के अंतर्गत ग्राहकों को आधुनिक, सुरक्षित एवं विश्वसनीय बैंकिंग सेवाएँ प्रदान कर रही हैं।
Our Objectives:-
- To Ensure customers satisfaction and confidence.
- To Ensure handsome growth in Bank’s Business with profit.
- to contribute to the social cause by rendering finance facility to needy persons.
- To reward our members through dividends.
Key Features:-
- One of the best Urban co-op. Banks in Rajasthan
- Profit making & dividend paying Bank continuously for last 50 years.
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